» रोंगटे खड़े कर देने वाली इस अंधविश्वासी परंपरा का इन्हें रहता है साल भर इंतजार   » ‘द एक्सिडेंटल प्राइम मिनिस्टर’ को लेकर हाई कोर्ट में जनहित याचिका दाखिल   » अभिनेता अनुपम खेर सहित 14 पर थाने में एफआईआर के आदेश   » बोले BJP अध्यक्ष- ममता बनर्जी में PM बनने की संभावनाएं   » कांग्रेस ने फोड़ा ‘ऑडियो बम’, पर्रिकर के बेडरूम में हैं राफेल की फाइलें   » पूर्व जदयू विधायक ने दी शराब पार्टी, गोलियां चलाई, महिला को लगी गोली   » जानिए कौन थे लाफिंग बुद्धा, कैसे पड़ा यह नाम   » अब राजनीति में कूदेगें सिंघम का ‘देवकांत सिकरे’!   » नहीं रहे हर दिल अजीज कादर खान   » अभिनेता कादर खान के निधन की खबर अफवाह  

“झारखण्ड:उग्रवादियों से सांठ-गांठ कर अपना प्रभाव है इसाई मिशनरियां”

Share Button

– मुकेश कुमार

झारखण्ड में अपना प्रभाव बढ़ाने के लिए इसाई मिशनरियों ने उग्रवादियों से सांठ-गाँठ कर ली है। झारखण्ड के जिन क्षेत्रों में इनदिनों उग्रवाद चरम पर है, उन मूलतः आदिवासी बहुल क्षेत्रों में वे अपनी गतिविधियाँ तेज कर दी है। सूचना यह भी है कि एक भारी भरकम लेवी देकर इसाई मिशनरियां अपने विरोधियों पर तरह-तरह के झूठे गंभीर आरोप लगा उनका सफाया कर देते हैं।प्राप्त जानकारी के अनुसार झारखण्ड प्रांत के रांची,खूंटी , हजारीबाग, बोकारो, कोडरमा, सिंहभूम, लोहरदगा, चतरा, गुमला, रामगढ , गिरिडीह , देवघर आदि जैसे जिलों समेत पश्चिम बंगाल, बिहार एवं उड़ीसा के सीमा से लगे जिलों में उग्रवादी संगठनें साशन-प्रसाशन पर इतना भारी है कि उनके समक्ष आत्मसमर्पण करने के अलावे कोई चारा नहीं है।
सच पूछिये तो अत्याधुनिक आर डी एक्स ,डायनामाईट , ऐ के-४७ , रॉकेट लांचर आदि जैसे विस्फोटक एवं स्व संचालित सेटेलाईट उपकरणों से लैस इन उग्रवादी संगठनों को एस।पी.,डी.एम्.,विधायक,सांसद से लेकर छोटे-बड़े विकास योजनाओं से जुड़े ठेकेदार जब खूब लेवी देते हैं तो फ़िर इन इसाई मिशानिरियों की बिसात क्या है। उन्हें तो पूर्णतः सुरक्षित एक ऎसी जमीन मिल जाती है ,जोकि एक स्वस्थ लोकतांत्रिक साशन व्यवस्था में बिल्कुल सम्भव नहीं है।

Related Post

You May Also Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Loading...
» रोंगटे खड़े कर देने वाली इस अंधविश्वासी परंपरा का इन्हें रहता है साल भर इंतजार   » जानिए कौन थे लाफिंग बुद्धा, कैसे पड़ा यह नाम   » जयंती विशेष: के बी सहाय -एक अपराजेय योद्धा   » ‘द एक्सीडेंटल प्राइम मिनिस्टर’ का सरदार कितना असरदार !   » भाजपा और कांग्रेस दोनों के लिए आत्म मंथन का जनादेश   » जयरामपेशों का अड्डा बना आयडा पार्क   » …और खून से लथपथ इंदिरा जी का सिर अपनी गोद में रख सोनिया चल पड़ी अस्पताल   » ‘लालू के खिलाफ आपस में मिले थे सुशील मोदी, नीतीश कुमार, राकेश अस्थाना और पीएमओ’   » धर्मांतरण, घर वापसी और धर्मयुद्ध   » जयंती  विशेषः एक सच्चा पत्रकार, जो दंगा रोकते-रोकते हुए शहीद  
error: Content is protected ! india news reporter