» *एक्सपर्ट मीडिया न्यूज नेटवर्क के कर्तव्य को अब आपके दायित्व की जरुरत…..✍🙏*   » ’72 हजार’ पर भारी पड़ा ‘चौकीदार’   » दहेज के लिए यूं जानवर बना IPS, पत्नी ने दर्ज कराई FIR   » ‘नतीजों में गड़बड़ी हुई तो उठा लेंगे हथियार और सड़कों पर बहेगा खून’   » चुनाव आयोग का ऐतिहासिक फैसला:  कल रात 10 बजे से बंगाल में चुनाव प्रचार बंद   » इस बार यूं पलटी मारने के मूड में दिख रहा नीतीश का नालंदा   » आभावों के बीच राष्ट्रीय खेल में यूं परचम लहरा रही एक सुदूर गांव की बेटियां   » ‘टाइम’ ने मोदी को ‘इंडियाज डिवाइडर इन चीफ’ के साथ ‘द रिफॉर्मर’ भी बताया   » पटना साहिब लोकसभा चुनाव: मुकाबला कायस्थ बनाम कायस्थ   » क्या गुल खिलाएगी ‘साहिब’ के ‘साहब’ की नाराजगी !  

‘टाइम’ ने मोदी को ‘इंडियाज डिवाइडर इन चीफ’ के साथ ‘द रिफॉर्मर’ भी बताया

Share Button

“पत्रिका के अंदर ‘‘क्या विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र मोदी सरकार के पांच साल और झेल सकता है?’’ शीर्षक के तहत एक लेख छपा है जिसे तासीर ने लिखा है…..”

INR. देश में लोकसभा चुनाव के अंतिम पड़ाव पर पहुंचने के बीच ‘टाइम’ पत्रिका ने अपने अंतरराष्ट्रीय संस्करण के कवर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर के साथ एक विवादास्पद शीर्षक छापा है, लेकिन इसके नीचे ही एक अन्य शीर्षक में मोदी की प्रशंसा की गई है।

अमेरिकी पत्रिका ने 20 मई 2019 के यूरोप, पश्चिम एशिया एवं अफ्रीका, एशिया और दक्षिण प्रशांत के अपने अंतरराष्ट्रीय संस्करण के कवर पर मोदी की तस्वीर के साथ शीर्षक दिया है ‘‘इंडियाज डिवाइडर इन चीफ’’।

इस लेख को आतिश तासीर ने लिखा है जो भारतीय पत्रकार तवलीन सिंह और दिवंगत पाकिस्तानी नेता एवं कारोबारी सलमान तासीर के बेटे हैं। इस शीर्षक के नीचे एक अन्य शीर्षक दिया गया है : ‘‘मोदी द रिफॉर्मर’’ (सुधारक मोदी) ।

पत्रिका में यह भी कहा गया है कि विपक्षी कांग्रेस के पास वंशवाद के सिद्धांत के अलावा और कुछ देने को नहीं है। ‘‘मोदी द रिफॉर्मर’’ (सुधारक मोदी) लेख ‘यूरेशिया ग्रुप’ के अध्यक्ष एवं संस्थापक इयान ब्रेमर ने लिखा है।

पत्रिका के अंदर ‘‘क्या विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र मोदी सरकार के पांच साल और झेल सकता है?’’ शीर्षक के तहत एक लेख छपा है जिसे तासीर ने लिखा है।

इसके अलावा ब्रेमर ने ‘‘आर्थिक सुधार के लिए भारत की सबसे बड़ी आशा मोदी’’ शीर्षक के तहत लेख लिखा है। तासीर ने लेख में लिखा, ‘‘मोदी के आर्थिक चमत्कार वास्तविक बनने में न केवल असफल हुए बल्कि इसने भारत में जहरीले धार्मिक राष्ट्रवाद का माहौल पैदा करने में भी मदद की।’’ 

तासीर ने कहा कि भारत की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस के पास राहुल गांधी की बहन प्रियंका गांधी को, भाई के साथ खड़ा करने के अलावा और कोई राजनीतिक सोच नहीं बची। उन्होंने कहा कि मोदी भाग्यशाली हैं कि उनका विपक्ष इतना कमजोर है। 

वहीं दूसरी ओर, ब्रेमर ने लिखा कि मोदी का आर्थिक रिकॉर्ड मिश्रित रहा है लेकिन, ‘‘भारत को बदलाव की आवश्यकता है और मोदी अब भी वह व्यक्ति है जो ऐसा कर सकते हैं।

उन्होंने चीन, अमेरिका और जापान के साथ संबंधों में सुधार किया है।’’  उन्होंने कहा कि उनके घरेलू विकास एजेंडे ने करोड़ों लोगों के जीवन में सुधार किया है।

Share Button

You May Also Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Loading...
» आभावों के बीच राष्ट्रीय खेल में यूं परचम लहरा रही एक सुदूर गांव की बेटियां   » मुंगेरः बाहुबलियों की चुनावी ज़ोर में बंदूक बनाने वाले गायब!   » राजनीतिक नेपथ्य में धकेले गए राम मंदिर आंदोलन के नायक और भाजपा का भविष्य   » ढींढोर पीटने वाले, फौजियों के इस गांव में कहां पहुंचा विकास   » शादी के बहाने बार-बार यूं बिकती हैं लड़कियां और नेता ‘ट्रैफिकिंग’ को ‘ट्रैफिक’ समझते   » बिहार के इस टोले का नाम ‘पाकिस्तान’ है, इसलिए यहां सड़क, स्कूल, अस्पताल कुछ नहीं   » यह है दुनिया का सबसे अमीर गांव, इसके सामने हाईटेक टॉउन भी फेल   » ‘शत्रु’हन की 36 साल की भाजपाई पारी खत्म, अब कांग्रेस से बोलेंगे खामोश   » राहुल गाँधी और आतंकी डार की वायरल फोटो की क्या है सच्चाई ?   » घाटी का आतंकी फिदायीन जैश का ‘अफजल गुरू स्क्वॉड’  
error: Content is protected ! india news reporter